Friday , 25 May 2018
Breaking News

जर्सी गायों के पाद से पर्यावरण को खतरा, आयुर्वेदिक रिसर्चर ने किया दावा…


हेडलाइन पढ़कर ही आपको इस खबर को पढ़ने की रुची बढ़ गई होगी. पढ़ने और सुनने में थोड़ा अजीब है लेकिन एक रिसर्चर का दावा है तो मानना ही पड़ेगा.

holstein-and-jersey-cow

दरअसल गुजरात के जामनगर की आयुर्वेद यूनिवर्सिटी के एक रिसर्चर का दावा है कि पश्चिमी देशों की गाय की पाद और डकारों के कारण ओजोन लेयर पर बुरा असर पड़ रहा है वहीं भारतीय देसी गाय ग्लोबल वॉर्मिंग के लिए जिम्मेदार नहीं हैं.

डॉ हितेश जानी को गुजरात गोसेवा और गोचर विकास बोर्ड ने गायों के पाद-डकार से पर्यावरण पर पड़ने वाले असर की जांच करने की जिम्मेदारी दी गई थी. अपने रिसर्च पेपर में जानी ने कहा कि पश्चिमी देशों की गाय ग्लोबल वॉर्मिंग के लिए जिम्मेदार हैं.

jesyey-cow

जानी के रिसर्च पेपर पंचगव्य चिकित्सा: सदी की दवा में लिखा है, ‘भारत में हम देसी गायों पर ज्यादा ध्यान नहीं देते वहीं मोटी जर्सी गाय दिनभर खाती या पीती रहती हैं. वह ज्यादा बीमार होती हैं और उन्हें ऐंटीबायोटिक भी बहुत दी जाती हैं. इन गायों के पाद में मीथेन गैस निकलती है जिससे ओजोन लेयर में छेद हो रहा है’ इस पेपर में भारतीय मूल की गायों की पश्चिमी गायों के मुकाबले तारीफ की गई है. जो हिंदू भाईयों के लिए खुशी की खबर है.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You may use these HTML tags and attributes: <a href="" title=""> <abbr title=""> <acronym title=""> <b> <blockquote cite=""> <cite> <code> <del datetime=""> <em> <i> <q cite=""> <strike> <strong>